अध्यात्मउज्जैन

महाकाल दरबार में नए साल 2026 के पहले दिन पहुँचे 6.12 लाख दर्शनार्थी

रात भर जागे 'खाकी' और 'प्रशासन', ताकि भक्त पा सकें बाबा महाकाल का दर्शन

उज्जैन, समाचार आज। नववर्ष 2026 का आगाज धार्मिक नगरी उज्जैन में रिकॉर्ड तोड़ आस्था के साथ हुआ। साल के पहले दिन गुरुवार 1 जनवरी 2026 को बारह ज्योतिर्लिंगों में से एक भगवान महाकालेश्वर के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा। इतिहास में पहली बार 1 जनवरी को दर्शन करने वाले भक्तों का आंकड़ा 6 लाख के पार पहुँच गया। पिछले 8 दिनों की बात करें तो कुल 19.55 लाख श्रद्धालुओं ने बाबा महाकाल के चरणों में शीश नवाया है।

उज्जैन के महाकाल मंदिर में 1 जनवरी 2026 को जो 6.12 लाख श्रद्धालुओं का ‘महाकुंभ’ उमड़ा, उसे बिना किसी अप्रिय घटना के संभालना किसी चुनौती से कम नहीं था। जब पूरी दुनिया नए साल का जश्न मना रही थी, तब उज्जैन के प्रशासनिक अधिकारी, मंदिर के अधिकारी, पुलिस अधिकारी व सैकड़ों जवान व सिक्योरिटी गार्ड रात 2 बजे से कड़ाके की ठंड में सड़कों और बैरिकेड्स पर मुस्तैद थे।

भस्म आरती से हुई साल की शुरुआत

नए साल की पहली सुबह बाबा महाकाल की दिव्य ‘भस्म आरती’ के साथ हुई। सुबह 4 बजे हुई इस आरती में 10 हजार से अधिक श्रद्धालुओं ने शामिल होकर भगवान का आशीर्वाद लिया। पूरा मंदिर परिसर ‘जय श्री महाकाल’ के उद्घोष से गुंजायमान रहा।

प्रशासन की मुस्तैदी: रात 2 बजे से डटे रहे अधिकारी

भारी भीड़ के अंदेशे को देखते हुए उज्जैन कलेक्टर रौशन सिंह, प्रशासक प्रथम कौशिक, और सहायक प्रशासक आशीष फलवाड़िया, सहायक प्रशासक मूलचंद जूनवाल सहित पूरी टीम रात 2 बजे से ही मंदिर परिसर में मोर्चा संभाले हुए थी।

  • कलेक्टर के निर्देश: श्रद्धालुओं को सुलभ दर्शन हों और किसी को असुविधा न हो, इसके लिए अधिकारियों ने खुद कतारों और बैरिकेडिंग की मॉनिटरिंग की।

  • शयन आरती तक का आंकड़ा: कलेक्टर ने मीडिया को बताया कि रात शयन आरती तक कुल 6,12,000 श्रद्धालु दर्शन कर चुके थे।

दर्शन व्यवस्था: चारधाम से मंदिर तक ‘स्मूथ’ मैनेजमेंट

भीड़ को नियंत्रित करने और सुलभ दर्शन सुनिश्चित करने के लिए विशेष इंतजाम किए गए थे:

  • बैरिकेडिंग: चारधाम मंदिर के समीप से ही सुव्यवस्थित बैरिकेडिंग की गई थी।

  • सुविधाएँ: शीघ्र दर्शन काउंटर, जूता स्टैंड और पेयजल की पर्याप्त व्यवस्था की गई।

  • विशेष ध्यान: दिव्यांगजनों और बुजुर्गों के लिए अलग से सुगम मार्ग और सहायता की व्यवस्था की गई ताकि उन्हें भीड़ में परेशानी न हो।

8 दिनों का ‘महा-रिकॉर्ड’ (25 दिसंबर – 1 जनवरी)

क्रिसमस की छुट्टियों से शुरू हुआ श्रद्धालुओं का सिलसिला नए साल के पहले दिन अपने चरम पर पहुँच गया।

अवधि कुल श्रद्धालु (लगभग)
25 दिसंबर (क्रिसमस) से 31 दिसंबर 2025 13.43 लाख
1 जनवरी 2026 6.12 लाख
कुल (8 दिन) 19.55 लाख

“श्रद्धालुओं की भारी संख्या के बावजूद दर्शन व्यवस्था सुचारू रही। हमारा प्रयास था कि हर भक्त को भगवान के शांतिपूर्ण दर्शन हों।” > — रौशन सिंह, कलेक्टर एवं अध्यक्ष मंदिर प्रबंध समिति


महाकाल मंदिर में ‘न्यू ईयर’ रिकॉर्ड (2024-2026)

इस डेटा का उपयोग आप अपनी वेबसाइट पर ‘बार चार्ट’ या इन्फोग्राफिक बनाने के लिए कर सकते हैं:

वर्ष (1 जनवरी) श्रद्धालुओं की संख्या स्थिति
2024 4.5 लाख सामान्य से अधिक
2025 5.0 लाख भारी भीड़
2026 6.12 लाख ऐतिहासिक रिकॉर्ड (सर्वाधिक)

प्रमुख आकर्षण:

  • 8 दिनों का कुल फुटफॉल: 19.55 लाख (एक नया कीर्तिमान)।

  • औसत दर्शन समय: भारी भीड़ के बावजूद श्रद्धालुओं को 45-90 मिनट में सुलभ दर्शन हुए।

समाचार आज (samacharaaj.com) उन सभी अधिकारियाें,  पुलिसकर्मियों, मंदिर समिति के कर्मचारियों, सुरक्षा कमिर्यों  और सफाई मित्रों को सलाम करता है, जिन्होंने अपनी नींद त्यागकर लाखों भक्तों की राह आसान बनाई।

-हरिओम राय, समाचार आज (samacharaaj.com) उज्जैन
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